कविता साहित्य की वह कला है जिसमें कवि अपने मन की अनुभूतियों, सोच और कल्पना को सधे हुए शब्दों तथा भावपूर्ण लय के साथ प्रस्तुत करता है। इसके माध्यम से मानवीय संवेदनाओं को प्रभावशाली ढंग से अभिव्यक्त किया जाता है। कविता में प्रेम, प्रकृति, सुख-दुख, सामाजिक स्थितियों और जीवन के अनुभवों की झलक देखने को मिलती है। यही कारण है कि कविता सीधे पाठक के मन को प्रभावित करती है और उसके हृदय को स्पर्श करती है।
कविता साहित्य की एक महत्वपूर्ण और सृजनात्मक विधा है। कविता के माध्यम से कवि अपने मन में उत्पन्न होने वाले भावों, विचारों और कल्पनाओं को सुंदर, सरल और प्रभावशाली शब्दों में प्रस्तुत करता है। कविता केवल शब्दों का समूह नहीं होती, बल्कि यह मनुष्य की संवेदनाओं और अनुभूतियों की अभिव्यक्ति होती है।
कविता में भाषा के साथ-साथ लय, ताल और छंद का विशेष महत्व होता है। इन तत्वों के कारण कविता पढ़ने और सुनने में मधुर लगती है तथा पाठक के मन पर गहरा प्रभाव डालती है। कविता के माध्यम से कवि अपने जीवन के अनुभवों, सुख-दुख, प्रेम, करुणा, प्रकृति की सुंदरता और समाज की वास्तविकताओं को प्रकट करता है।
कविता मानव जीवन से गहराई से जुड़ी होती है। यह कभी खुशी का अनुभव कराती है, कभी दुःख में सहारा बनती है और कभी समाज की सच्चाइयों से परिचित कराती है। कविता के शब्दों में इतनी शक्ति होती है कि वे पाठक के हृदय को स्पर्श कर जाते हैं और उसे सोचने पर मजबूर कर देते हैं।
कविता का उद्देश्य केवल मनोरंजन करना नहीं होता, बल्कि यह मनुष्य की भावनाओं को जागृत करना, विचारों को दिशा देना और जीवन को समझने में सहायता करना भी होता है। इसलिए कविता को हृदय की भाषा कहा जाता है, जो सीधे मन और भावना से संवाद करती है।
इस प्रकार कहा जा सकता है कि कविता साहित्य का वह रूप है, जो शब्दों के माध्यम से भावनाओं, अनुभवों और कल्पनाओं को जीवंत बनाती है और पाठक के मन पर स्थायी प्रभाव छोड़ती है।